विश्‍व के महान भौतिकी और ब्रह्मांड विज्ञानी स्‍टीफन हॉकिंग का  बुधवार सुबह 76 साल की उम्र में निधन होगया।  इससे वैज्ञानिक बिरादरी में शोक की लहर छाई हुई है. वो एक ऐसी बीमारी से पीड़ित थे, जिसके चलते उनके शरीर के कई हिस्सों पर लकवा मार गया था। जिस से उन्हें खड़ा रहने की क्षमता भी नहीं रही।   लेकिन इसके बावजूद उन्होंने हार नहीं मानी और विज्ञान के क्षेत्र में नई खोज जारी रखी। 

         हॉकिंग ने सापेक्षता (रिलेटिविटी), ब्लैक होल और बिग बैंग थ्योरी को समझने में अहम भूमिका निभाई थी. महान वैज्ञानिक अल्‍बर्ट आइंसटीन के बाद स्‍टीफन हॉकिंग को सबसे लोकप्रिय वैज्ञानिक माना जाता था. यह संयोग ही है कि हॉकिंग का निधन भी अल्‍बर्ट आइंसटीन की जन्‍म तिथि (14 मार्च) को ही हुआ।  हॉकिंग का निधन भी आइंसटीन की तरह 76 साल की उम्र में हुआ. वहीं दूसरी ओर एक संयोग यह भी है कि जिस दिन महान वैज्ञानिक गैलीलियो की मौत हुई थी, 300 साल बाद उसी दिन स्‍टीफन हॉकिंग का जन्‍म हुआ था .

By kailash choudhary

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