श्री आईमाताजी मंदिर बिलाड़ा में जैन साध्वियों के दर्शन | दिव्यता और आस्था की कहानी
श्री आईमाताजी मंदिर, बिलाड़ा में जैन साध्वियों ने आज श्रद्धा भाव से दर्शन किए और आस्था से अभिभूत हुए। मंदिर के गर्भगृह, अखंड ज्योत और धार्मिक परंपराओं की विशेष जानकारी दिवान साहब द्वारा प्रदान की गई।
जैन साध्वियों का आईमाताजी मंदिर में आगमन
मंदिर के गर्भगृह में दर्शन के पश्चात आईपंथ के धर्मगुरु माधवसिंह जी दिवान साहब ने जैन साध्वियों को श्री आईमाताजी मंदिर की विशेषताओं, परंपराओं एवं अखंड ज्योत की महिमा के बारे में विस्तार से जानकारी दी। दिवान साहब द्वारा मंदिर परिसर में स्थित गजानन महाराज की प्रतिमा, प्रदर्शनी तथा संत रोहित दास की धूणी के दर्शन भी करवाए गए।
दिवान साहब ने क्या बताया

दिवान साहब ने साध्वियों को मंदिर की विशेषताएं बताईं
आईमाताजी मंदिर की आध्यात्मिक ऊर्जा और धार्मिक महत्व को जानकर जैन साध्वियां अत्यंत प्रभावित नजर आईं। उन्होंने मंदिर की व्यवस्थाओं और आस्था से जुड़े वातावरण की सराहना की।
अखंड ज्योत की महिमा

Aaimata Temple की विशेषताओं से साध्वियां हुईं प्रभावित
गौरतलब है कि सीरवी समाज की आराध्य कुलदेवी श्री आईमाताजी का यह प्रमुख धाम प्रतिदिन हजारों श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र बना हुआ है, जहां दूर-दराज से भक्त दर्शन के लिए पहुंचते हैं।
Rajasthan News / Religious News / Local News